AI impact on jobs: IBM के चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर अरविंद कृष्णा ने कहा है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते दायरे के साथ बेशक कुछ नौकरियां चली जाएंगी, लेकिन साथ ही कई नई नौकरियां जेनरेट भी होंगी. ब्लूमबर्ग को दिए एक इंटरव्यू में कृष्णा ने कहा कि AI को अपनाने की रफ्तार बढ़ने से कॉल सेंटर जैसी नौकरियों पर सबसे ज्यादा असर पड़ने की संभावना है इसलिए अब कंपनियों की जिम्मेदारी बनती है कि वे अपने कर्मचारियों को रीस्किल करें.
हर कहीं हो रही छंटनी
ब्लूमबर्ग ने मामले से जुड़े एक व्यक्ति के हवाले से बताया कि फिटनेस टेक्नोलॉजी कंपनी Peloton Interactive Inc. ने कॉस्ट कटिंग की बात कहकर अपने लगभग 11 प्रतिशत कर्मचारियों की छंटनी करने का फैसला किया है. टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट और एंटरप्राइज-बेस्ड इनीशिएटिव्स पर काम करने वाले इंजीनियरों पर इसका असर सबसे ज्यादा पड़ने की संभावना है.
नाम न जाहिर करने की शर्त पर एक सूत्र ने बताया कि Peloton के चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर पीटर स्टर्न ने अपने वर्कर्स को इस छंटनी की जानकारी दी है. Peloton का ये फैसला ग्लोबल टेक्नोलॉजी सेक्टर में नौकरियों में बड़े पैमाने पर हो रही कटौती के बीच आया है. आजकल कंपनियां अपने ऑपरेशंस को रीस्ट्रक्चर कर AI को तेजी से अपना रही हैं. अभी इसी हफ्ते की शुरुआत में Amazon ने 16000 कर्मचारियों की छंटनी किए जाने का ऐलान किया.
नौकरी पर लटक रही तलवार
एंथ्रोपिक के CEO डारियो अमोदेई ने हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान आने वाले समय में जॉब मार्केट के लिए बुरे दिन का जिक्र किया. उन्होंने 1-5 साल के भीतर एंट्री-लेवल जॉब में 50 परसेंट तक कमी आने की भविष्यवाणी की है. ब्यूरो ऑफ लेबर स्टैटिस्टिक्स की नई डेटा ने उनकी इसी बात की पुष्टि की है.
इस डेटा के मुताबिक, दिसंबर के आखिर में US में जॉब ओपनिंग घटकर 6.54 मिलियन हो गई, जो सितंबर 2020 के बाद से सबसे कम स्तर है. अमोदेई ने ‘द एडोलसेंस ऑफ टेक्नोलॉजी’ के शीर्षक के साथ लिखे अपने एक लेख में कहा है, ”AI 1-5 सालों में 50 परसेंट एंट्री-लेवल व्हाइट-कॉलर नौकरियों को खत्म कर देगा, साथ ही हमें लगता है कि हमारे पास सिर्फ 1-2 सालों में ऐसा AI हो सकता है जो हर किसी से ज़्यादा काबिल हो”
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