FIIs की तगड़ी एंट्री! 2 अरब डॉलर की खरीदारी से बाजार को मिला सहारा, क्या आगे भी जारी रहेगा यह ट्रेंड?

सतीश कुमार
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FII Inflow February 2026: भारतीय शेयर बाजार में पिछले कुछ सेशन से विदेशी संस्थागत निवेशक जोरदार खरीदारी कर रहे हैं. लंबे समय तक बिकवाली करने के बाद अब विदेशी संस्थागत निवेशक दोबारा भारतीय बाजार की ओर लौटते दिख रहे हैं.

बीते करीब नौ ट्रेडिंग सेशंस में FIIs लगातार नेट खरीदार बने हैं. इस दौरान उन्होंने भारतीय शेयरों में 2 बिलियन डॉलर से ज्यादा का निवेश किया है. विदेशी निवेशकों के इस बदलते ट्रेंड से बाजार को भी सहारा मिला है. वहीं, घरेलू निवेशकों को भी इससे पॉजिटिव संकेत मिल सकता हैं. आइए जानते हैं, इस विषय में….

क्या कहते हैं आंकड़े?

आंकड़ों की बात करें तो, पिछले कुछ दिनों में शेयर बाजार में खरीदारी का माहौल लगातार मजबूत होता दिखा है. 28 जनवरी से 6 फरवरी के बीच हुए नौ ट्रेडिंग सेशंस में विदेशी निवेशक छह दिन तक खरीदार बने रहे. जबकि केवल तीन सेशंस में हल्की बिकवाली देखने को मिली. 9 फरवरी को FIIs ने करीब 2,200 करोड़ रुपये बाजार में निवेश किए. 

इसके साथ ही घरेलू संस्थागत निवेशकों का भरोसा पहले की तरह ही बाजार पर कायम रहा. इस दौरान घरेलू निवेशकों ने लगभग 9,000 करोड़ रुपये से ज्यादा के शेयर खरीदे. विदेशी और घरेलू निवेशकों की इस संयुक्त खरीदारी का पॉजिटिव असर बाजार पर साफ नजर आया है. पिछले दो कारोबारी सत्रों से भारतीय बाजार में मजबूती देखने को मिल रही है.

बेहतर वैल्यूएशन ने बढ़ाया विदेशी निवेशकों का भरोसा

विदेशी निवेशकों के इस बदलते ट्रेंड के पीछे की वजह को लेकर विशेषज्ञों का मानना है कि, भारतीय शेयर बाजार अब पहले की तुलना में ज्यादा संतुलित स्तर पर आ गया है. इस समय सेंसेक्स और निफ्टी अपने 10 साल के औसत वैल्यूएशन के आसपास कारोबार कर रहे हैं.

जिससे भारतीय बाजार एक बार फिर विदेशी निवेशकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा हैं. पहले भारतीय बाजार को एशिया के अन्य बाजारों के मुकाबले काफी महंगा माना जाता था. लेकिन हालिया करेक्शन के बाद यह अंतर काफी हद तक कम हो गया है. इसी वजह से FIIs दोबारा बाजार पर भरोसा दिखा रहे हैं. 

भविष्य की संभावनाएं

बाजार जानकारों के अनुसार, किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना इतना आसान नहीं है. यह तेजी वैश्विक माहौल, डॉलर की कीमतों, कंपनियों की कमाई इत्यादि चीजों पर निर्भर रहने वाली है. अगर भारतीय बाजार को इन सभी पहलुओं पर सपोर्ट मिलता है तो, विदेशी निवेशकों का भरोसा बाजार पर बना रह सकता है.  
 
डिस्क्लेमर: (यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.)

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Satish Kumar Is A Journalist With Over 10 Years Of Experience In Digital Media. He Is Currently Working As Editor At Aman Shanti, Where He Covers A Wide Variety Of Technology News From Smartphone Launches To Telecom Updates. His Expertise Also Includes In-depth Gadget Reviews, Where He Blends Analysis With Hands-on Insights.