योजना की मुख्य विशेषताएं:-
किसानों का विकास – इस योजना का प्राथमिक उद्देश्य राज्य में किसानों के कंधों से ऋण का बोझ कम करना है।
माफ की जाएगी ऋण राशि – मुख्यमंत्री ने इस बात पर प्रकाश डाला कि पात्र उम्मीदवार रुपये की ऋण माफी प्राप्त कर सकेंगे। 2 लाख.
सभी फसलें शामिल होंगी – योजना के मसौदे में इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि इस योजना में पारंपरिक फसलें उगाने वाले कृषि श्रमिकों को शामिल किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, गन्ना और फल की खेती करने वालों को भी इस योजना का लाभ मिलेगा।
तेज़ और कागज रहित – सीएम पहले ही उल्लेख कर चुके हैं कि आवेदक ऑफ़लाइन प्रक्रिया के माध्यम से पंजीकरण कर सकते हैं। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि यह एक कागज रहित प्रक्रिया है और उम्मीदवार को केवल आधार कार्ड की आवश्यकता है। योजना की संरचना इस प्रकार तैयार की गई है ताकि लाभार्थियों को तेजी से परिणाम मिल सकें।
योजना के लिए पात्रता मानदंड:-
पेशे से किसान – इस योजना में केवल उन लोगों की भागीदारी की अनुमति होगी, जो मुख्य आजीविका के रूप में खेती से जुड़े हैं।
तिथि की आवश्यकता -उन किसानों को ऋण वापस किया जाएगा जिन्होंने 1 मार्च 2015 से 31 मार्च 2019 के बीच ऋण लिया था।
सभी श्रेणियों के किसानों-कृषि श्रमिकों को इस योजना का लाभ प्राप्त करने की अनुमति होगी। यह योजना छोटे और सीमांत किसानों की आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाएगी।
आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज:-
आवासीय दस्तावेज़ – आवेदकों के पास ऐसे दस्तावेज़ होने चाहिए जो उनके आवासीय दावों को उजागर करें और उनका समर्थन करें।
आधार कार्ड – इच्छुक आवेदक के पास अपना आधार कार्ड होना अनिवार्य है। इसके बिना आवेदक छूट के लिए आवेदन नहीं कर पाएगा।
ऑफ़लाइन आवेदन – राज्य के मुख्यमंत्री पहले ही उल्लेख कर चुके हैं कि इच्छुक किसानों को इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए जटिल ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया से नहीं जूझना पड़ेगा।
बैंक में आवेदन – यदि कोई किसान पात्रता मानदंडों को पूरा करता है और ऋण माफी का विकल्प चुनना चाहता है, तो उसे संबंधित बैंक में संपर्क करना होगा।
बैंक अधिकारियों को सूचित करना – एक बार जब आवेदक शाखा में पहुंच जाए, तो उसे बैंक अधिकारियों से संपर्क करना चाहिए। बैंक अधिकारी आवेदक के दावों की जांच करने के लिए अंगूठे का निशान मांगेगा।
दस्तावेज़ सत्यापन – एक बार जब बैंक अधिकारी आवेदकों का विवरण प्राप्त कर लेते हैं, तो वे ऋण दस्तावेजों की जांच करेंगे।
धन का हस्तांतरण – यदि आवेदक सभी आवश्यकताओं को पूरा करता है, तो अधिकारी किसान के खाते में राशि स्थानांतरित करने के लिए आवश्यक कदम उठाएंगे।

