Body Donation: यमुनानगर की बेटियों ने किया ऐसे पिता पर गर्व जिन्होंने जीते जी लिया था शरीरदान का संकल्प

aditisingh
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Body Donation। संकल्प भी ऐसा कि दुनिया देखती रह जाए, और बेटियां उस संकल्प को पूरा करें तो गर्व से सीना चौड़ा हो जाता है। ऐसा ही सकंल्प यमुनानगर के वार्ड 13 स्थित जम्मू कॉलोनी निवासी चंद्रमोहन इन्सां ने जीते जी लिया था कि उसकी मौत के पश्चात उसके शरीर का दान मेडिकल रिसर्च के लिए किया जाए। चंद्रमोहन इन्सां के इस संकल्प को उनकी चार बेटियों ने पूरा किया। शुक्रवार को चंद्रमोहन इन्सां (73)अपनी स्वांसोें रूपी पूंजी पूरी कर मालिक के चरणों में सचखंड जा विराजे।

उन्होंने जीते जी डेरा सच्चा सौदा में देहदान का फार्म भरा हुआ था। उनकी इच्छा को पूरा करते हुए परिवार ने उनके पार्थिव शरीर का दान किया है। शुक्रवार को शाह सतनाम जी ग्रीन एस कमेटी के सदस्यों ने गगन भेदी नारे लगाकर देहदानी चन्द्र मोहन इन्सां के शरीर को फूलों से सजी एंबूलेंस से मेडिकल शोध के लिए विदाई दी। इस दौरान चन्द्रमोहन इन्सां अमर रहे…के गलियों में गुजंते नारों को सुनकर लोग घरों से बाहर निकले और स्थानीय निवासियों ने शरीरदानी चन्द्र मोहन को नमन कर विदाई दी। चन्द्र मोहन की मृत देह पर श्री सिद्धी विनायक मेडिकल कॉलेज एंड हस्पताल सम्भल यूपी के छात्र शोध कर डॉक्टर बनेंगें। प्रेमी चन्द्र मोहन इन्सां के परिवार में शादीशुदा चार बेटियां, पत्नी व नाती आदि हैं

इस मौके पर संजीव शर्मा, कृष्ण कुमार इन्सां, राजेन्द्र इन्सां, संतोष इन्सां, जसबीर इन्सां, सुभाष पाहवा इन्सां, प्रिंस इन्सां, सुभाष इन्सां, अविनाश अग्रवाल इन्सां, बहन मीना इन्सां, ज्योति इन्सां, पूजा इन्सां, शिवानी इन्सां, रजनी इन्सां व अन्य मौजूद रहे।

वार्ड 13 के पार्षद श्यामलाल शर्मा ने कहा कि जम्मू कॉलोनी में डेरा सच्चा सौदा के सेवादार सचखंडवासी चन्द्रमोहन इन्सां के शरीर का मेडिकल शोध के लिए दान किया गया है। ये बहुत पुण्य का कार्य है जो अपना जीवन त्यागने के बाद भी मानवता के लिए अपने शरीर को भी दान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज भयानक बीमारियां आ रही हैं ओर रिसर्च के लिए बॉडी चाहिए होती हैं। शरीरदान करना एक प्रेरणादायी कार्य हैं।

शरीरदानी चंद्रमोहन इन्सां की बेटी रजनी इन्सां ने कहा कि उनका पूरा परिवार डेरा सच्चा सौदा के साथ जुड़कर मानवता की सेवा कर रहा हे। उनके पिता चन्द्रमोहन की जीते-जी इच्छा थी कि मरणोंपरात उनका शरीर मेडिकल शोध के लिए दान किया जाए ताकि वह मानवता के काम आ सकें। पिता चन्द्र मोहन इन्सां का मरणोपरांत शरीरदान कर वे उनकी आखरी इच्छा को पूरा कर गर्व का अनुभव कर रही हैं। उन्होंने कहा कि वे चार बहनें हैं ओर वह अपने पिता के साथ बेटा बनकर ही रह रही है।

इस मौके पर सच्चे नम्र सेवादार जोगिन्द्र इन्सां ने कहा कि प्रेमी चन्द्रमोहन इन्सां के परिवार ने उनके संकल्प को पूरा करते हुए बहुत ही महान कार्य किया है। इस परिवार के लिए शब्द छोटे पड़ जाते हैं इस परिवार के लिए धन्य-धन्य ही कहेंगे। जिन्होेंने जीते जी मानवता की सेवा की और मरणोपरांत भी मानवता की सेवा के लिए शरीरदान भी कर गए।

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Satish Kumar Is A Journalist With Over 10 Years Of Experience In Digital Media. He Is Currently Working As Editor At Aman Shanti, Where He Covers A Wide Variety Of Technology News From Smartphone Launches To Telecom Updates. His Expertise Also Includes In-depth Gadget Reviews, Where He Blends Analysis With Hands-on Insights.
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