Տեխնիկական նորություններ

इजरायल का ये खतरनाक हथियार हवा में ही कर देगा दुश्मन का काम-तमाम! पहले नहीं देखी होगी ऐसी तकनीक

Aman Shanti .In
By Aman Shanti .In On March 23, 2026
1 min read 1.2k views
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
YouTube Channel Join Now
Instagram Follow Join Now
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
YouTube Channel Join Now
Instagram Follow Join Now

Israel Laser Warfare: इजराइल अब युद्ध के तरीके को पूरी तरह बदलने की दिशा में काम कर रहा है. देश की डिफेंस कंपनी Elbit Systems ने खुलासा किया है कि वह ऐसे हाई-पावर लेजर सिस्टम तैयार कर रही है जिन्हें फाइटर जेट और हेलिकॉप्टर पर लगाया जा सके. इसका मकसद दुश्मन के ड्रोन और मिसाइलों को बेहद तेज और कम खर्च में हवा में ही खत्म करना है.

महंगे इंटरसेप्टर का सस्ता विकल्प

अब तक मिसाइलों को रोकने के लिए काफी महंगे इंटरसेप्टर इस्तेमाल किए जाते हैं जिनकी कीमत हजारों डॉलर तक पहुंच जाती है. उदाहरण के तौर पर, Iron Dome में इस्तेमाल होने वाली मिसाइलें काफी महंगी होती हैं. इसके मुकाबले लेजर तकनीक का इस्तेमाल करने पर हर शॉट का खर्च बेहद कम हो सकता है. यानी जहां पहले एक छोटे से ड्रोन को गिराने में भारी रकम खर्च होती थी अब वही काम बहुत कम लागत में किया जा सकेगा. इससे युद्ध की आर्थिक रणनीति पूरी तरह बदल सकती है.

स्टिंग नाम का खास एयरबोर्न सिस्टम

इस प्रोजेक्ट के तहत जेट्स के लिए एक खास पॉड सिस्टम और हेलिकॉप्टर के लिए Sting नाम का लेजर वेरिएंट विकसित किया जा रहा है. यह सिस्टम ऊंचाई पर उड़ते हुए काम करेगा जिससे मौसम की बाधाएं जैसे बारिश, धूल या नमी का असर कम हो जाएगा. ऊपर से निगरानी करने की वजह से यह सिस्टम दुश्मन के टारगेट को पहले ही पहचान सकता है और समय रहते उसे खत्म कर सकता है जो पारंपरिक एयर डिफेंस सिस्टम के मुकाबले बड़ा फायदा है.

तकनीकी चुनौतियां अभी बाकी

हालांकि यह तकनीक सुनने में जितनी आसान लगती है उतनी है नहीं. इसे विमान में लगाने के लिए कई मुश्किलों को हल करना जरूरी है. सबसे बड़ी चुनौती है सिस्टम को छोटा और हल्का बनाना ताकि वह आसानी से एयरक्राफ्ट में फिट हो सके. इसके अलावा हाई-पावर लेजर बहुत ज्यादा गर्मी पैदा करते हैं जिसे कंट्रोल करने के लिए एडवांस कूलिंग सिस्टम की जरूरत होती है.

इसके साथ ही, हवा में उड़ते हुए छोटे और तेज टारगेट को सटीक तरीके से ट्रैक करना भी एक बड़ी चुनौती है. इसके लिए बेहद एडवांस ट्रैकिंग और ऑप्टिकल सिस्टम की जरूरत पड़ेगी.

भविष्य में बड़ा बदलाव ला सकती है तकनीक

कंपनी का मानना है कि इन सभी चुनौतियों को जल्द ही पार कर लिया जाएगा और आने वाले समय में यह सिस्टम एयरफोर्स का हिस्सा बन सकता है. इतना ही नहीं इस तकनीक की वैश्विक स्तर पर भी काफी मांग हो सकती है. दिलचस्प बात यह है कि यह लेजर सिस्टम सिर्फ डिफेंस तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि इसके और भी कई इस्तेमाल हो सकते हैं जिन पर अभी काम चल रहा है.

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
YouTube Channel Join Now
Instagram Follow Join Now
Aman Shanti .In

Aman Shanti .In

Սաթիշ Կումարը թվային բովանդակության ստեղծող և նորությունների հրատարակիչ է։ Նա գրում է հոդվածներ պետական ​​ծրագրերի, տեխնոլոգիական նորությունների և ավտոմոբիլային թարմացումների վերաբերյալ։ Նրա հոդվածների նպատակն է մարդկանց ճիշտ և արագ տեղեկատվություն տրամադրելը։