नींबू-मिर्च को फ्रिज में साथ रखने से क्यों बचना चाहिए? देवकीनंदन ठाकुर ने बताया कारण?

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By Aman Shanti .In On March 5, 2026
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कथावाचकों और धार्मिक प्रवचनों में अक्सर रोजमर्रा से जुड़ी चीजों का जिक्र देखने को मिलता है. हाल ही में प्रसिद्ध कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर ने भी एक ऐसी ही मान्यता के बारे में बताया है, जिसमें उन्होंने नींबू और मिर्च को फ्रिज में एक साथ रखने से बचने की सलाह दी है.

उनके मुताबिक, घर में शांति और सकारात्मकता बनाए रखने के लिए इन दोनों ही चीजों को अलग-अलग रखना चाहिए. 

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नींबू-मिर्च को एकसाथ क्यों नहीं रखना चाहिए?

प्रवचन के दौरान देवकीनंदन ठाकुर ने बताया कि, नींबू और मिर्च दोनों ही तीव्र प्रकृति की वस्तुएं हैं. धार्मिक और पारंपरिक मान्यताओं के मुताबिक, इन दोनों का संबंध ऊर्जा से जोड़ा जाता है.

उनका कहना है कि, जब इन दोनों को एक साथ फ्रिज में रखा जाता है, तो यह घर में अशांति और क्लेश का कारण बन सकता है. इसलिए इन्हें एक ही डलिया या डिब्बे में रखने की बजाय अलग-अलग जगहों पर रखना सही माना जाता है. 

उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि, तीखी मिर्च खाने पर शरीर में फौरन तीखापन महसूस होता है, जबकि बिना पानी के नींबू पीने पर खट्टापन तेज लगता है. दोनों की प्रकृति अलग-अलग तरह से प्रतिक्रिया करती है. ऐसे में यदि इन्हें एक साथ रखा जाए तो यह प्रतीकात्मक रूप से घर के माहौल पर भी प्रभाव डाल सकता है. 

फ्रिज में नींबू-मिर्च रखने की सलाह क्यों दी?

देवकीनंदन ठाकुर ने बताया कि, आजकल करीब हर घर में फ्रिज होने के कारण लोग सब्जियां और फलों को एक ही जगह पर रख देते हैं. आमतौर पर देखा जाता है कि, छोटी टोकरी या डलिया में लोग मिर्च रखते हैं और उसी में नींबू भी डाल देते हैं. उन्होंने इस आदत से बचने की सलाह दी और दोनों ही चीजों को अलग-अलग जगह पर रखने पर जोर दिया.

उनके मुताबिक, जो लोग इन दोनों चीजों को एक साथ में रखते हैं, उनके घर में कभी-कभी अनावश्यक तनाव, वाद-विवाद और क्लेश की स्थिति बन सकती है. इसलिए सावधानी के तौर पर इन्हें अलग-अलग रखना बेहतर माना जाता है. 

फ्रिज और पारंपरिक जीवनशैली पर प्रभाव

अपने प्रवचन के दौरान उन्होंने आधुनिक जीवनशैली का भी जिक्र किया. पहले समय में लोग मटके में पानी पीते थे, जो शरीर के लिए काफी प्राकृतिक और आरामदायक माना जाता था. आजकल फ्रिज के आने से यह परंपरा धीरे-धीरे खत्म होती जा रही है. 

उनका मानना है कि, मटके का पानी शरीर को ज्यादा संतुलित और ठंडक देता है, जबकि फ्रिज का बहुत ठंडा पानी कई बार सेहत के लिए परेशानी पैदा कर सकता है. 

धार्मिक और पारंपरिक मान्याताएं आमतौर पर जीवन को अनुशासित और संतुलित रखने का संदेश देती हैं. नींबू और मिर्च को अलग रखने की सलाह भी इसी तरह की मान्यता से जुड़ी है. कई लोग इन बातों को आस्था के रूप में देखते हैं, जबकि कुछ लोग इसे परंपरा का हिस्सा मानते हैं. 

हालांकि इन मान्यताओं के पीछे किसी भी तरह का वैज्ञानिक प्रमाण स्पष्ट नहीं है, लेकिन भारतीय परंपराओं में इन्हें घर की सकारात्मक ऊर्जा और शांति से जोड़कर देखा जाता है.

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.



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Սաթիշ Կումարը թվային բովանդակության ստեղծող և նորությունների հրատարակիչ է։ Նա գրում է հոդվածներ պետական ​​ծրագրերի, տեխնոլոգիական նորությունների և ավտոմոբիլային թարմացումների վերաբերյալ։ Նրա հոդվածների նպատակն է մարդկանց ճիշտ և արագ տեղեկատվություն տրամադրելը։