Smartphone Battery Health: आज के समय में Smartphone हमारी जिंदगी का सबसे जरूरी हिस्सा बन गया है. छोटे से छोटे और बड़े से बड़े काम के लिए भी स्मार्टफोन की जरूरत पड़ती है. कई लोग सुबह जल्दी ऑफिस जाने के चक्कर में या दूसरे कामों के लिए रात में ही फोन को चार्जिंग पर लगा कर सो जाते हैं. ऐसे में इसे लेकर कई लोगों के सवाल आते हैं कि जब फोन 100 प्रतिशत चार्ज होता है, तो उसके बाद भी चार्जर से बिजली आती रहती है.
ऐसे में वह करंट आखिर कहां जाता है और क्या इससे बैटरी खराब होती है, तो चलिए आज हम आपको बताते हैं कि 100 प्रतिशत चार्जर होने के बाद भी फोन की चार्जिंग बंद क्यों नहीं होती और बैटरी फुल होने के बाद करंट कहां जाता है.
100 प्रतिशत चार्ज होने के बाद क्या बंद हो जाती है चार्जिंग?
अब आने वाले स्मार्टफोन पहले की तुलना में बहुत स्मार्ट हो चुके हैं. इनमें एडवांस बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम और चार्जिंग सर्किट दिए जाते हैं. जैसे ही बैटरी 100 प्रतिशत तक पहुंचती है, फोन सीधे तौर पर बैटरी में बिजली भेजना बंद कर देता है यानी बैटरी ओवर चार्ज नहीं होती और लगातार बिजली स्टोर नहीं करती है. हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि चार्जर से आने वाली बिजली पूरी तरह रुक जाती है. फोन बैटरी को फुल चार्ज रखने के लिए एक खास सिस्टम का इस्तेमाल करती है, जिससे ट्रिकल चार्जिंग कहा जाता है.
बैटरी फुल होने के बाद कहां जाता है करंट?
जब फोन 100 प्रतिशत चार्ज होता है, तो चार्जिंग सर्किट मुख्य चार्जिंग रोक देता है. इसके बाद फोन केवल उतनी ही बिजली लेता है, जितनी बैकग्राउंड में होने वाली छोटी-छोटी बैटरी खर्च को पूरा करने के लिए जरूरी होती है. उदाहरण के लिए अगर कोई नोटिफिकेशन आता है, कोई ऐप बैकग्राउंड में चल रही है या कॉल रिसीव होती है तो थोड़ी बैटरी खर्च होती है. ट्रिकल चार्जिंग इस कमी को पूरा करती रहती है, ताकि बैटरी 100 प्रतिशत के आसपास बनी रहे. यही वजह है कि रातभर चार्जिंग पर लगे रहने के बावजूद फोन की बैटरी लगातार ओवरलोड नहीं होती, लेकिन वह लंबे समय तक हाई वोल्टेज पर बनी रहती है.
क्या इससे खराब होती है बैटरी?
एक-दो बार रात भर चार्जिंग पर छोड़ देने से बैटरी को कोई बड़ा नुकसान नहीं होता है, लेकिन अगर रोजाना ऐसा किया जाए तो लंबे समय में बैटरी की क्षमता प्रभावित हो सकती है. एक्सपर्ट्स के अनुसार, बैटरी को लगातार 100 प्रतिशत चार्ज पर बनाए रखने से उसके केमिकल कॉम्पोनेंट्स पर दबाव बढ़ता है, जिससे बैटरी धीरे-धीरे डिग्रेड होने लगती है. इसके अलावा अगर फोन चार्जिंग के दौरान ज्यादा गर्म हो जाए तो बैटरी की उम्र और तेजी से कम हो सकती है. खासतौर पर तब जब फोन तकिए, कंबल या किसी गर्म जगह पर रखा हो.