Lathmar Holi 2026: बरसाना की फेमस लट्ठमार होली की शुरुआत, ब्रज में मची धूम, देखें VIDEO

सतीश कुमार
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Lathmar Holi 2026: उत्तर प्रदेश के बरसाना में आज विश्व प्रसिद्ध लट्ठमार होली का भव्य आयोजन किया गया. राधारानी की नगरी बरसाना रंग, उमंग और परंपरा के अनोखे संगम से सराबोर हुआ. देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु इस ऐतिहासिक और रोमांचक होली को देखने यहां पहुंचे हैं.

सुबह से ही बरसाना की गलियां भक्तों से खचाखच भरी हुई हैं. हर तरफ अबीर-गुलाल का रंग छाया हुआ है. ढोल-नगाड़ों की गूंज और होली के रसिया गीतों के बीच श्रद्धालु झूमते नजर आ रहे हैं. रंगीली गलियों में कदम-कदम पर उत्साह, भक्ति और परंपरा की झलक दिखाई दी.

पुलिस संग लट्ठमार होली

इस बार करीब 20 लाख श्रद्धालुओं के बरसाना पहुंचने का अनुमान है. इनमें बड़ी संख्या में विदेशी पर्यटक भी शामिल हैं, जो ब्रज की इस अनोखी परंपरा को करीब से देखने आए हैं. लट्ठमार होली से पहले एक दिलचस्प नजारा देखने को मिला, जब सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिसकर्मियों के साथ सखियों ने लट्ठमार होली खेली.

हुरियारिनों के हाथ में लट्ठ, पुरुषों ने थामी ढाल

हुरियारों ने ढाल थामी और महिलाओं ने हंसी-ठिठोली के बीच लाठियां बरसाईं. माहौल पूरी तरह उत्सवमय हो गया. नंदगांव से आए हुरियारों का पीली पोखर पर भव्य स्वागत किया गया. यहां से हुरियारे भगवान श्रीकृष्ण की ध्वजा लेकर श्रीजी मंदिर की ओर प्रस्थान करते हैं. परंपरा के अनुसार, इसी के बाद रंगीली गलियों में लट्ठमार होली का मुख्य आयोजन शुरू होता है.  लट्ठमार होली की परंपरा सदियों पुरानी है.

बरसाना को राधारानी का जन्मस्थान माना जाता है, जबकि नंदगांव वह स्थान है जहां भगवान श्रीकृष्ण का बचपन बीता. नंदगांव से करीब 8 किलोमीटर दूर बरसाना में हुरियारे लट्ठमार होली खेलने आते हैं. करीब 3 किलोमीटर लंबी गलियों में दोनों ओर खड़ी हुरियारनें लाठियां लेकर तैयार रहती हैं. जैसे ही हुरियारे गलियों में पहुंचते हैं, प्रेम और परंपरा से भरी लाठियां बरसनी शुरू हो जाती हैं. हुरियारे ढाल से खुद को बचाते हुए आगे बढ़ते हैं. यह पूरा दृश्य रोमांच, हास्य और भक्ति से भरा होता है.

होली के रंग में सराबोर हुआ बरसाना

लोक कलाकारों ने ब्रज के पारंपरिक रसिया, भजन और नृत्य प्रस्तुत किए जा रहे हैं. बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आगमन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं. श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए चिकित्सा शिविर, पेयजल व्यवस्था और ट्रैफिक नियंत्रण के विशेष इंतजाम किए गए हैं.

कुल मिलाकर, बरसाना की लट्ठमार होली एक बार फिर दुनिया को ब्रज की अद्भुत संस्कृति और परंपरा की झलक दिखा रही है. रंग, रस, राग और उल्लास के इस महासंगम में श्रद्धा और प्रेम की अनोखी छटा बिखर रही है.

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Satish Kumar Is A Journalist With Over 10 Years Of Experience In Digital Media. He Is Currently Working As Editor At Aman Shanti, Where He Covers A Wide Variety Of Technology News From Smartphone Launches To Telecom Updates. His Expertise Also Includes In-depth Gadget Reviews, Where He Blends Analysis With Hands-on Insights.