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Meri Fasal Mera Byora 2026: रजिस्ट्रेशन, स्टेटस चेक और MSP बिक्री की पूरी जानकारी

satish
By satish On September 23, 2026
3 min read 1.2k views
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मेरी फसल मेरा ब्यौरा 2026: रजिस्ट्रेशन, स्टेटस कैसे चेक करें और MSP पर फसल बेचने की पूरी जानकारी

मेरी फसल मेरा ब्यौरा 2026: हरियाणा सरकार का मेरी फसल मेरा ब्यौरा (Meri Fasal Mera Byora) पोर्टल किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण ऑनलाइन प्लेटफॉर्म है। इसके माध्यम से किसान अपनी जमीन, बोई गई फसल और खेती से संबंधित जानकारी ऑनलाइन दर्ज कर सकते हैं। इसका आधिकारिक पोर्टल fasal.haryana.gov.in है।

किसानों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि हर फसल सीजन के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया और अंतिम तिथि अलग हो सकती है। इसलिए किसान को खरीफ और रबी सीजन में पोर्टल पर उपलब्ध वर्तमान निर्देशों के अनुसार अपनी फसल का ब्यौरा दर्ज करना चाहिए।

खरीफ 2026-27 के लिए आपके दिए विवरण के अनुसार पंजीकरण की अवधि 20 मई 2026 से 15 अगस्त 2026 तक थी और यह विंडो अब बंद हो चुकी है। अब किसानों को अगली रबी 2026-27 पंजीकरण विंडो की आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना चाहिए।

महत्वपूर्ण: रबी सीजन की तारीख, पात्रता, आवश्यक दस्तावेज और पंजीकरण की अंतिम तिथि आधिकारिक पोर्टल पर जारी होने वाली सूचना के अनुसार ही मानें।

Quick Info Table

बिंदु जानकारी
पोर्टल मेरी फसल मेरा ब्यौरा
आधिकारिक वेबसाइट fasal.haryana.gov.in
संबंधित विभाग कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, हरियाणा
खरीफ 2026-27 20 मई 2026 – 15 अगस्त 2026
खरीफ पंजीकरण स्थिति आपके दिए विवरण के अनुसार बंद
अगला सीजन रबी 2026-27
पंजीकरण शुल्क सामान्यतः निःशुल्क
प्रमुख पहचान आधार/PPP सहित पोर्टल पर मांगी गई जानकारी
जरूरी जानकारी जमीन, फसल, मोबाइल और बैंक संबंधी विवरण
मुख्य उपयोग फसल पंजीकरण, सरकारी खरीद एवं कृषि सेवाओं से जुड़ी प्रक्रिया
हेल्पलाइन 1800-180-2117

मेरी फसल मेरा ब्यौरा क्या है?

मेरी फसल मेरा ब्यौरा हरियाणा सरकार की किसान-केंद्रित ऑनलाइन व्यवस्था है, जिसमें किसान अपनी खेती और फसल से संबंधित जानकारी दर्ज करते हैं।

पंजीकरण के दौरान किसान से उसकी जमीन, फसल, क्षेत्रफल और अन्य आवश्यक जानकारी मांगी जा सकती है। दर्ज जानकारी का उपयोग सरकारी कृषि सेवाओं और फसल खरीद से संबंधित प्रक्रियाओं में किया जाता है।

इसलिए किसान के लिए केवल जमीन का मालिक होना ही पर्याप्त नहीं है। जिस सीजन में किसान फसल उगा रहा है, उस सीजन की पंजीकरण प्रक्रिया और अंतिम तिथि पर ध्यान देना भी जरूरी है।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा क्यों जरूरी है?

मान लीजिए किसान ने अपने खेत में गेहूं बोया है। फसल तैयार होने के बाद वह सरकारी खरीद केंद्र पर उसे बेचना चाहता है। ऐसी स्थिति में फसल से संबंधित ऑनलाइन पंजीकरण और रिकॉर्ड महत्वपूर्ण हो सकते हैं।

इसी तरह प्राकृतिक आपदा से फसल को नुकसान होने, सरकारी कृषि सहायता प्राप्त करने या किसी कृषि योजना का लाभ लेने के दौरान भी किसान के रिकॉर्ड और फसल की जानकारी महत्वपूर्ण हो सकती है।

इसलिए किसानों को सीजन शुरू होने के बाद पोर्टल पर उपलब्ध सरकारी निर्देशों को ध्यान से देखना चाहिए।

इसके प्रमुख उपयोग

  • फसल की जानकारी दर्ज करना
  • खेती और जमीन का विवरण उपलब्ध कराना
  • सरकारी खरीद प्रक्रिया से जुड़ना
  • MSP खरीद से संबंधित प्रक्रिया में सहायता
  • फसल नुकसान और मुआवजा प्रक्रिया में उपयोग
  • कृषि योजनाओं और सेवाओं से संबंधित रिकॉर्ड
  • कृषि विभाग के साथ किसान की जानकारी का डिजिटल रिकॉर्ड

खरीफ 2026-27 का पंजीकरण कब तक था?

आपके दिए विवरण के अनुसार खरीफ 2026-27 के लिए मेरी फसल मेरा ब्यौरा पंजीकरण 20 मई 2026 से 15 अगस्त 2026 तक था।

15 अगस्त 2026 अंतिम तिथि थी, इसलिए अब सामान्य ऑनलाइन पंजीकरण विंडो बंद मानी जाएगी।

अगर आपने खरीफ 2026-27 के दौरान पंजीकरण नहीं कराया है, तो बार-बार पुराने आवेदन लिंक पर प्रयास करने के बजाय आधिकारिक पोर्टल पर अगली उपलब्ध सूचना देखें।

रबी 2026-27 का पंजीकरण कब शुरू होगा?

रबी 2026-27 की सटीक तारीख आधिकारिक घोषणा के बाद ही निश्चित मानी जानी चाहिए।

रबी सीजन का पंजीकरण शुरू होने पर किसान को पोर्टल पर उपलब्ध Registration/किसान अनुभाग में जाकर नई फसल का विवरण दर्ज करना होगा।

किसान किसी अनुमानित तारीख को अंतिम तिथि न मानें। पंजीकरण शुरू होने और बंद होने की तारीख के लिए fasal.haryana.gov.in पर जारी सूचना को प्राथमिकता दें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा में कौन पंजीकरण करा सकता है?

सामान्य रूप से हरियाणा में खेती करने वाले पात्र किसानों के लिए यह व्यवस्था उपलब्ध है। आपके दिए विवरण के अनुसार:

  • हरियाणा के किसान
  • स्वयं की जमीन पर खेती करने वाले किसान
  • बटाई/किराये पर खेती करने वाले किसान, जहां पोर्टल की शर्तें लागू हों
  • पोर्टल की निर्धारित पात्रता पूरी करने वाले अन्य किसान

बाहर के राज्य के किसान यदि हरियाणा में जमीन पर खेती कर रहे हैं, तो उनकी पात्रता अलग शर्तों के अधीन हो सकती है। इसलिए ऐसी स्थिति में आवेदन करने से पहले पोर्टल पर उपलब्ध वर्तमान नियमों की पुष्टि करें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा के लिए जरूरी दस्तावेज

पंजीकरण से पहले निम्न जानकारी/दस्तावेज तैयार रखना उपयोगी रहेगा:

  1. आधार कार्ड
  2. परिवार पहचान पत्र (PPP)
  3. मोबाइल नंबर
  4. जमीन से संबंधित दस्तावेज
  5. खसरा नंबर
  6. बैंक खाते की जानकारी
  7. फसल से संबंधित जानकारी
  8. खेती का क्षेत्रफल
  9. आवश्यकता होने पर अन्य दस्तावेज

हर किसान के मामले में सभी दस्तावेज एक जैसे जरूरी हों, यह जरूरी नहीं है। पोर्टल पर पंजीकरण के समय मांगे गए वर्तमान दस्तावेजों को अंतिम मानें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कैसे करें?

पंजीकरण के लिए सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट खोलें:

fasal.haryana.gov.in

इसके बाद निम्न प्रक्रिया अपनाएं:

Step 1: आधिकारिक पोर्टल खोलें

मोबाइल या कंप्यूटर के ब्राउजर में fasal.haryana.gov.in खोलें।

Step 2: किसान से संबंधित विकल्प चुनें

होम पेज पर उपलब्ध किसान अनुभाग/पंजीकरण से संबंधित विकल्प पर जाएं।

Step 3: पहचान की जानकारी दर्ज करें

पोर्टल द्वारा मांगी गई जानकारी के अनुसार आधार, PPP या अन्य पहचान संबंधी विवरण दर्ज करें।

यदि OTP मांगा जाता है तो पंजीकृत मोबाइल नंबर पर प्राप्त OTP डालकर सत्यापन पूरा करें।

Step 4: जमीन की जानकारी भरें

अब खेती से संबंधित जमीन का विवरण भरें।

इसमें आवश्यकता के अनुसार:

  • खसरा नंबर
  • जमीन का क्षेत्रफल
  • जमीन से संबंधित विवरण
  • सिंचाई की जानकारी

जैसी जानकारी मांगी जा सकती है।

Step 5: फसल का विवरण दर्ज करें

जिस खेत में जिस फसल की बुवाई की गई है, उसकी सही जानकारी दर्ज करें।

फसल का नाम और क्षेत्रफल गलत भरने से आगे की प्रक्रिया में समस्या हो सकती है।

Step 6: बैंक संबंधी जानकारी भरें

पोर्टल पर मांगी जाने वाली बैंक संबंधी जानकारी सावधानीपूर्वक दर्ज करें।

खाते की जानकारी में गलती होने पर संबंधित भुगतान या सरकारी लाभ की प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।

Step 7: पूरी जानकारी जांचें

Submit करने से पहले:

  • किसान का नाम
  • मोबाइल नंबर
  • खसरा नंबर
  • फसल
  • क्षेत्रफल
  • बैंक विवरण

को अच्छी तरह जांच लें।

Step 8: आवेदन सबमिट करें

सारी जानकारी सही होने के बाद आवेदन सबमिट करें।

यदि पंजीकरण संख्या, आवेदन संख्या या acknowledgement उपलब्ध हो तो उसका स्क्रीनशॉट/प्रिंट सुरक्षित रख लें।

मोबाइल से मेरी फसल मेरा ब्यौरा कैसे करें?

किसान मोबाइल फोन से भी पोर्टल की सेवा का उपयोग कर सकते हैं।

इसके लिए मोबाइल ब्राउजर में fasal.haryana.gov.in खोलें और पोर्टल पर उपलब्ध किसान/पंजीकरण विकल्प का इस्तेमाल करें।

जहां आधिकारिक मोबाइल ऐप उपलब्ध और वर्तमान में मान्य हो, वहां किसान ऐप के माध्यम से भी प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।

अगर किसान को ऑनलाइन प्रक्रिया समझने में परेशानी हो रही है, तो नजदीकी CSC या संबंधित सेवा केंद्र से सहायता ली जा सकती है।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा स्टेटस कैसे चेक करें?

यदि आपने पंजीकरण किया है और आवेदन की स्थिति देखना चाहते हैं, तो:

  1. fasal.haryana.gov.in खोलें।
  2. किसान/लॉगिन या संबंधित स्टेटस विकल्प चुनें।
  3. पोर्टल द्वारा मांगी गई पहचान संबंधी जानकारी दर्ज करें।
  4. OTP/सत्यापन प्रक्रिया पूरी करें।
  5. Application Status या संबंधित विकल्प खोलें।
  6. स्क्रीन पर उपलब्ध पंजीकरण की स्थिति देखें।

ध्यान रखें: पोर्टल के मेनू और विकल्प समय के साथ बदल सकते हैं। इसलिए वर्तमान वेबसाइट पर दिखाई देने वाले विकल्प के अनुसार प्रक्रिया पूरी करें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा में फसल की जानकारी गलत हो जाए तो क्या करें?

अगर फसल, क्षेत्रफल, खसरा नंबर या अन्य जानकारी गलत दर्ज हो गई है, तो उसे नजरअंदाज न करें।

सबसे पहले पोर्टल पर देखें कि Correction/Edit का विकल्प उपलब्ध है या नहीं।

यदि ऑनलाइन सुधार संभव नहीं है, तो संबंधित कृषि विभाग/CSC/अधिकृत सेवा केंद्र से संपर्क करके सुधार की प्रक्रिया की जानकारी लें।

गलत जानकारी के कारण आगे चलकर सरकारी खरीद, सत्यापन या अन्य कृषि सेवा में समस्या हो सकती है।

MSP पर फसल बेचने के लिए मेरी फसल मेरा ब्यौरा का क्या संबंध है?

हरियाणा में सरकारी फसल खरीद से संबंधित प्रक्रियाओं में किसान और उसकी फसल का डिजिटल रिकॉर्ड महत्वपूर्ण होता है।

यदि किसान MSP पर अपनी उपज बेचने की योजना बना रहा है, तो उसे संबंधित सीजन में मेरी फसल मेरा ब्यौरा तथा सरकारी खरीद व्यवस्था के वर्तमान नियमों को जरूर देखना चाहिए।

सरकारी खरीद की प्रक्रिया में फसल, किसान, मंडी और खरीद से संबंधित अलग-अलग व्यवस्थाएं लागू हो सकती हैं।

इसलिए केवल पोर्टल पर पंजीकरण को ही पूरी बिक्री प्रक्रिया न समझें। e-Kharid और संबंधित सरकारी खरीद केंद्र के वर्तमान निर्देश भी देखें।

e-Kharid क्या है?

हरियाणा में सरकारी कृषि उपज खरीद से संबंधित डिजिटल व्यवस्था में e-Kharid महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

पंजीकरण और पात्रता की आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद किसान को सरकारी खरीद से संबंधित निर्देशों के अनुसार आगे की प्रक्रिया करनी होती है।

इसमें मंडी, खरीद केंद्र, फसल की आवक और भुगतान जैसी प्रक्रियाएं शामिल हो सकती हैं।

फसल बेचने के बाद भुगतान कैसे मिलता है?

सरकारी खरीद की प्रक्रिया पूरी होने के बाद भुगतान निर्धारित सरकारी प्रक्रिया के अनुसार किसान के बैंक खाते में भेजा जा सकता है।

इसलिए किसान को बैंक खाते की जानकारी सही रखना चाहिए।

यदि भुगतान में देरी होती है, तो किसान को संबंधित खरीद केंद्र, विभाग या आधिकारिक पोर्टल पर उपलब्ध सहायता विकल्प से स्थिति की जानकारी लेनी चाहिए।

क्या मेरी फसल मेरा ब्यौरा हर सीजन में करना पड़ता है?

हां, किसान को प्रत्येक नए फसल सीजन के लिए पोर्टल पर उपलब्ध पंजीकरण नियमों को देखना चाहिए।

खरीफ और रबी अलग-अलग फसल सीजन हैं। पिछले सीजन में दर्ज जानकारी को देखकर यह मान लेना सही नहीं है कि अगले सीजन की फसल अपने आप पंजीकृत हो गई है।

नए सीजन में नई फसल का विवरण और पोर्टल पर मांगी गई जानकारी समय पर अपडेट करना जरूरी हो सकता है।

बटाईदार किसान मेरी फसल मेरा ब्यौरा में पंजीकरण कर सकते हैं?

बटाई या किराये पर खेती करने वाले किसानों के लिए पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध हो सकती है, लेकिन यह संबंधित सीजन के सरकारी नियमों और सत्यापन प्रक्रिया पर निर्भर कर सकती है।

ऐसे किसान जमीन और खेती से संबंधित सही जानकारी रखें तथा आवेदन से पहले पोर्टल के वर्तमान निर्देश देखें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा में पंजीकरण की फीस कितनी है?

पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण के लिए सामान्यतः कोई सरकारी आवेदन शुल्क नहीं बताया जाता है।

हालांकि यदि कोई व्यक्ति CSC या अन्य सेवा केंद्र से अतिरिक्त सहायता लेता है, तो उस सेवा की फीस अलग हो सकती है।

किसी अनधिकृत व्यक्ति को केवल पंजीकरण के नाम पर बड़ी रकम न दें।

पंजीकरण के दौरान किन गलतियों से बचना चाहिए?

1. गलत खसरा नंबर दर्ज करना

खसरा नंबर भरते समय विशेष सावधानी रखें।

2. फसल का गलत नाम चुनना

जिस फसल की वास्तविक बुवाई की गई है, उसी की जानकारी दर्ज करें।

3. क्षेत्रफल गलत भरना

खेत का क्षेत्रफल दस्तावेज और वास्तविक खेती के अनुसार दर्ज करें।

4. बैंक विवरण गलत देना

खाता संख्या और अन्य बैंक विवरण भरते समय दोबारा जांच करें।

5. OTP किसी के साथ साझा करना

OTP किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें।

6. अंतिम तारीख का इंतजार करना

पंजीकरण विंडो खुलने के बाद अंतिम दिन तक इंतजार करने से तकनीकी समस्या होने पर परेशानी हो सकती है।

7. पुराने सीजन के पंजीकरण को पर्याप्त मान लेना

नए सीजन में पोर्टल पर उपलब्ध निर्देशों को जरूर देखें।

अगर मेरी फसल मेरा ब्यौरा की वेबसाइट नहीं खुल रही है तो क्या करें?

कभी-कभी इंटरनेट, सर्वर या अधिक ट्रैफिक की वजह से वेबसाइट खोलने में परेशानी हो सकती है।

ऐसी स्थिति में:

  • कुछ समय बाद दोबारा प्रयास करें।
  • Chrome/Edge जैसे अपडेटेड ब्राउजर का इस्तेमाल करें।
  • मोबाइल इंटरनेट और Wi-Fi बदलकर देखें।
  • ब्राउजर का cache साफ करें।
  • आधिकारिक वेबसाइट का सही URL इस्तेमाल करें।
  • पंजीकरण की अंतिम तारीख नजदीक हो तो समय रहते CSC/संबंधित सेवा केंद्र से सहायता लें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा हेल्पलाइन नंबर

आपके दिए विवरण के अनुसार हेल्पलाइन नंबर:

1800-180-2117

किसी भी नंबर पर संपर्क करने से पहले आधिकारिक पोर्टल पर वर्तमान हेल्पलाइन की पुष्टि करना बेहतर है, क्योंकि सरकारी संपर्क विवरण समय के साथ अपडेट हो सकते हैं।

किसान के लिए जरूरी सावधानियां

मेरी फसल मेरा ब्यौरा में जानकारी भरते समय किसान को कुछ बातों का विशेष ध्यान रखना चाहिए:

  • केवल आधिकारिक वेबसाइट का इस्तेमाल करें।
  • OTP किसी के साथ साझा न करें।
  • गलत जमीन या फसल की जानकारी दर्ज न करें।
  • बैंक विवरण ध्यान से भरें।
  • आवेदन सबमिट करने के बाद acknowledgement सुरक्षित रखें।
  • पंजीकरण की अंतिम तारीख का इंतजार न करें।
  • किसी अनजान व्यक्ति को बैंक OTP या PIN न बताएं।
  • सरकारी योजना या MSP से संबंधित जानकारी के लिए आधिकारिक स्रोत देखें।

संबंधित किसान सेवाएं

मेरी फसल मेरा ब्यौरा के साथ किसान इन विषयों की जानकारी भी देख सकते हैं:

  • किसान सरकारी योजनाएं
  • हरियाणा कृषि योजनाएं
  • खरीफ फसल बीज
  • परिवार पहचान पत्र हरियाणा 2026
  • किसान क्रेडिट कार्ड योजना
  • भूलेख/खसरा-खतौनी ऑनलाइन
  • हरियाणा राशन कार्ड
  • PM Kisan Samman Nidhi 2026
  • फसल बीमा योजना
  • कृषि यंत्र सब्सिडी

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

क्या मेरी फसल मेरा ब्यौरा पंजीकरण मुफ्त है?

हां, ऑनलाइन सरकारी पंजीकरण के लिए सामान्यतः कोई आवेदन शुल्क नहीं है। CSC या किसी सेवा केंद्र की सहायता लेने पर उसकी सेवा फीस अलग हो सकती है।

खरीफ 2026-27 का पंजीकरण कब तक था?

आपके दिए विवरण के अनुसार खरीफ 2026-27 की पंजीकरण अवधि 20 मई 2026 से 15 अगस्त 2026 तक थी।

क्या अभी खरीफ 2026-27 के लिए पंजीकरण किया जा सकता है?

यदि आधिकारिक पोर्टल पर खरीफ 2026-27 की विंडो बंद है, तो सामान्य ऑनलाइन पंजीकरण नहीं किया जा सकेगा। किसी विशेष reopening या correction window की जानकारी के लिए आधिकारिक पोर्टल देखें।

रबी 2026-27 का पंजीकरण कब शुरू होगा?

रबी 2026-27 की सटीक तारीख आधिकारिक घोषणा के बाद ही निश्चित होगी। किसान fasal.haryana.gov.in पर अपडेट देखते रहें।

क्या हर सीजन में पंजीकरण करना पड़ता है?

किसान को प्रत्येक नए सीजन के लिए पोर्टल पर उपलब्ध वर्तमान पंजीकरण नियमों के अनुसार अपनी फसल की जानकारी दर्ज करनी चाहिए। पुराने सीजन की जानकारी को अपने आप नए सीजन का पंजीकरण न मानें।

क्या बटाईदार किसान पंजीकरण कर सकते हैं?

पात्रता और आवश्यक सत्यापन पूरा होने पर बटाईदार/किरायेदार किसानों के लिए पंजीकरण की सुविधा हो सकती है। आवेदन से पहले वर्तमान सरकारी नियमों की जांच करें।

मेरी फसल मेरा ब्यौरा का स्टेटस कैसे देखें?

आधिकारिक पोर्टल पर लॉगिन/स्टेटस से संबंधित विकल्प खोलकर पोर्टल द्वारा मांगी गई जानकारी के माध्यम से आवेदन या फसल पंजीकरण की स्थिति देखी जा सकती है।

क्या मोबाइल से मेरी फसल मेरा ब्यौरा किया जा सकता है?

हां, मोबाइल ब्राउजर से आधिकारिक पोर्टल खोला जा सकता है। यदि आधिकारिक मोबाइल ऐप उपलब्ध है, तो उसके वर्तमान निर्देशों के अनुसार भी सेवा का उपयोग किया जा सकता है।

पंजीकरण में कौन-कौन से दस्तावेज लगते हैं?

आधार, PPP, मोबाइल नंबर, जमीन/खसरा संबंधी जानकारी, बैंक विवरण और पोर्टल द्वारा मांगे गए अन्य दस्तावेज आवश्यक हो सकते हैं।

क्या पंजीकरण के बाद MSP पर फसल बेच सकते हैं?

पंजीकरण सरकारी खरीद प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा हो सकता है, लेकिन MSP बिक्री के लिए संबंधित फसल, खरीद नीति, मंडी और सरकारी खरीद केंद्र के वर्तमान नियम भी लागू होते हैं।

फसल खराब होने पर क्या मुआवजा मिल सकता है?

प्राकृतिक आपदा से फसल नुकसान की स्थिति में सरकार की लागू योजना और नियमों के अनुसार मुआवजा/सहायता मिल सकती है। केवल पोर्टल पर पंजीकरण होने से हर नुकसान पर स्वतः मुआवजा मिलना सुनिश्चित नहीं होता।

क्या हरियाणा के बाहर के किसान पंजीकरण कर सकते हैं?

यदि किसान हरियाणा में खेती करता है, तो उसकी पात्रता संबंधित सरकारी नियमों पर निर्भर करेगी। ऐसे किसान आवेदन से पहले पोर्टल पर वर्तमान पात्रता की पुष्टि करें।

निष्कर्ष

मेरी फसल मेरा ब्यौरा 2026 हरियाणा के किसानों के लिए फसल और खेती से संबंधित जानकारी दर्ज करने का महत्वपूर्ण डिजिटल प्लेटफॉर्म है। किसान इसमें अपनी जमीन और फसल की जानकारी दर्ज करके सरकारी कृषि सेवाओं तथा खरीद प्रक्रिया से जुड़ सकते हैं।

खरीफ 2026-27 की विंडो, आपके दिए विवरण के अनुसार, 15 अगस्त 2026 को बंद हो चुकी है। इसलिए जिन किसानों का पंजीकरण नहीं हुआ है, उन्हें अब अगली रबी 2026-27 विंडो की आधिकारिक घोषणा पर ध्यान देना चाहिए।

सबसे जरूरी बात यह है कि किसान किसी भी अंतिम तारीख, पात्रता या खरीद नियम के लिए पुराने लेख या सोशल मीडिया पोस्ट पर निर्भर न रहें। fasal.haryana.gov.in पर जारी नवीनतम सरकारी सूचना को ही अंतिम आधार मानें।

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