Skin Ageing Causes: झुर्रियों और ढीली स्किन से परेशान हैं? अपनी थाली से आज ही बाहर निकालें ये 3 हानिकारक चीजें

सतीश कुमार
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Foods That Cause Premature Ageing: अगर आपको लगता है कि स्किन एजिंग सिर्फ उम्र या गलत स्किनकेयर की वजह से होती है, तो यह पूरी सच्चाई नहीं है. एक इंस्टाग्राम वीडियो में बोर्ड-सर्टिफाइड डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. पूजा रेड्डी ने स्किन से जुड़ी कई समस्याओं की जड़ पर बात की है. उनका कहना है कि कुछ रोजमर्रा के फूड्स ऐसे हैं, जो अंदर से कोलेजन को नुकसान पहुंचाते हैं, त्वचा में सूजन बढ़ाते हैं और लिवर पर भी बुरा असर डालते हैं. सोशल मीडिया पर शेयर अपने वीडियो में डॉ. रेड्डी कहती हैं कि स्किन के लिए तीन सबसे खराब फूड्स हैं, और तीसरा ऐसा है जिसे आप शायद रोज खाते हैं. चलिए आपको इनके बारे में बताते हैं. 

 हाई फ्रक्टोज कॉर्न सिरप

डॉ. रेड्डी के मुताबिक, इसे वह खाना तक नहीं मानतीं. यह सोडा, पैकेज्ड जूस, बिस्किट, सॉस और ज्यादातर जंक फूड में पाया जाता है. यह असली शुगर नहीं, बल्कि एक सिंथेटिक स्वीटनर है, जो सामान्य ग्लूकोज की तुलना में त्वचा के प्रोटीन को कहीं ज्यादा नुकसान पहुंचाता है. उनका कहना है कि यह शरीर में AGEs बनाता है, जो कोलेजन को तोड़ते हैं. इसका नतीजा यह होता है कि त्वचा सख्त होने लगती है, झुर्रियां जल्दी आती हैं और लिवर भी प्रभावित होता है.

बार-बार गर्म किया गया रिफाइंड तेल

वह उदाहरण देती हैं कि समोसे की दुकान पर कई दिनों तक बार-बार गर्म किया गया तेल किस तरह नुकसानदेह होता है. तेल को बार-बार गर्म करने से उसका विटामिन E खत्म हो जाता है और उसमें ऑक्सीडाइज्ड फैट्स रह जाते हैं. ये फैट्स शरीर के अंदर सूजन बढ़ाते हैं, जिसका असर सीधे स्किन पर दिखता है.

 

ज्यादा तले-भुने और कुरकुरे फूड्स

फ्रेंच फ्राइज, पकौड़े, चिप्स जैसे फूड्स जितने ज्यादा सुनहरे और क्रिस्पी होते हैं, उतना ही ज्यादा उनमें हानिकारक कंपाउंड बनता है. डॉ. रेड्डी कहती हैं कि जितना गहरा रंग और जितनी ज्यादा कुरकुराहट, उतने ज्यादा AGEs आप खा रहे हैं. आपकी क्रीम उस नुकसान को ठीक नहीं कर सकती, जो आपकी डाइट कर रही है.

AGEs क्या होते हैं और क्यों हैं खतरनाक?

Healthline के अनुसार, तब बनते हैं, जब खून में शुगर प्रोटीन या फैट के साथ मिल जाती है। इसके अलावा, हाई टेम्परेचर पर पकाए गए फूड्स, जैसे तलना, ग्रिल करना या टोस्ट करना भी AGEs बढ़ाते हैं. हालांकि शरीर में इन्हें बाहर निकालने की प्रक्रिया होती है, लेकिन ज्यादा मात्रा में सेवन से ये जमा होने लगते हैं. इससे ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस और सूजन बढ़ती है. लंबे समय में इसका संबंध डायबिटीज, हार्ट डिजीज, किडनी फेलियर, अल्जाइमर और समय से पहले एजिंग से भी जोड़ा गया है.

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Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

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Satish Kumar Is A Journalist With Over 10 Years Of Experience In Digital Media. He Is Currently Working As Editor At Aman Shanti, Where He Covers A Wide Variety Of Technology News From Smartphone Launches To Telecom Updates. His Expertise Also Includes In-depth Gadget Reviews, Where He Blends Analysis With Hands-on Insights.
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