रायबरेली। खराब मौसम का असर मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में देखने को मिला। 2100 से अधिक मरीज चिकित्सीय सलाह लेने के लिए पहुंचे। दवा लेने के लिए महिलाओं को करीब 42 मीटर लंबी लाइन लगानी पड़ी। पुरुषों को तो खुले आसमान के नीचे खडे़ होकर दवा लेनी पड़ी। परचा काउंटर के साथ ही ओपीडी कक्षों के बाहर काफी भीड़ होने के कारण मरीजों को घंटों बारी आने का इंतजार करना पड़ा। ऐसे में मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। इमरजेंसी में पहुंचे सांस, बुखार और पेट दर्द के 28 से अधिक मरीजों को भर्ती करके इलाज शुरू किया गया।
मंगलवार की सुबह ओपीडी खुलते ही मरीजों की लंबी लाइन लग गई। परचा बनवाने के लिए चार काउंटर फुल हो गए। सुबह 10 बजे सभी ओपीडी कक्षों के बाहर काफी भीड़ एकत्र हो गई। ओपीडी कक्षों बाहर और अंदर मरीजों की संख्या अधिक होने के कारण गहमागहमी का माहौल रहा। मरीजों को सबसे ज्यादा परेशानी दवा लेने के लिए उठानी पड़ी। दवा के चारों काउंटरों पर लंबी लाइन लगी रही। कई मरीज को बिना दवा लिए ही वापस लौट गए। पैथोलॉजी और एक्सरे कक्ष के बाहर भी मरीजों को घंटाें इंतजार करना पड़ा। जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. गौरव त्रिवेदी ने बताया कि मौसम में बदलाव आने के कारण मरीज बढ़ रहे हैं। ऐसे मौसम में लोगों को एहतियात बरतने की जरूरत है। समस्या होने पर अस्पताल पहुंचकर इलाज शुरू कराएं।
सांस, बुखार व पेट दर्द के 28 मरीज भर्ती
जिले में सीने में दर्द और सांस लेने में तकलीफ के साथ बुखार, उल्टी और दस्त के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। मंगलवार को जिला अस्पताल की इमरजेंसी पहुंचे सुनील कुमार (60), बीना (38), रामखेलावन (50), चंद्रिका (60), सूरज (55), लज्जावती (70), शैलकुमारी (70), रामकरन (47), सबनम (32), दिव्यांशी (19), प्रिंस (1), विशाल (18) आदि मरीजों को भर्ती कराया गया। एक-एक करके 28 से अधिक मरीजों को भर्ती करके इलाज शुरू किया गया। हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. सलीम का कहना है कि सांस की समस्या होने पर तनिक भी घबराएं नहीं। तुरंत मरीजों को अस्पताल लाकर इलाज कराएं। कोई जरूरी नहीं है कि सीने में दर्द व सांस की समस्या हार्ट में दिक्कत की वजह से हो। इसके लिए कोई और कारण भी हो सकता है।

