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22 सितंबर करीब आते ही बढ़ा बैंकों का सिरदर्द! जीएसटी बदलाव के करीब आते ही कार लोन रद्द कराने की होड़ मची

Aman Shanti .In
By Aman Shanti .In On January 21, 2026
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22 सितंबर से कारों पर जीएसटी घटने वाला है, जिससे उनके दाम कम हो जाएंगे. इसी वजह से कई ग्राहक अपने मंजूर कराए गए कार लोन अब कैंसिल कर रहे हैं.

बढ़ा बैंकों का सिरदर्द! GST बदलाव के करीब आते ही कार लोन रद्द कराने की होड़बैंकों में कार लोन रद्द कराने वालों की होड़ मच गई है.(Image:AI)

नई दिल्ली. दिल्ली और अन्य शहरों में बैंकों को अचानक बड़ी संख्या में कार लोन कैंसिल करने की रिक्वेस्ट मिल रही हैं. वजह है 22 सितंबर से लागू होने वाला जीएसटी सुधार, जिसके बाद गाड़ियों की कीमतें घटेंगी. हाल ही में हुई 56वीं जीएसटी काउंसिल मीटिंग में छोटे इंजनों वाली गाड़ियों (1,200 सीसी तक) पर जीएसटी दर 28 फीसदी से घटाकर 18 फीसदी करने का फैसला लिया गया. इसका असर यह हुआ है कि जिन लोगों ने कार खरीदने के लिए पहले से लोन अप्रूव करवा लिया था, वे अब 22 सितंबर के बाद नई दरों पर गाड़ी लेने का इंतजार कर रहे हैं.

ग्राहकों को फायदा, बैंकों के लिए मुश्किल
एक पब्लिक सेक्टर बैंक के अधिकारी ने बताया कि कई ग्राहक कैंसिलेशन चार्ज चुकाने को तैयार हैं, क्योंकि नई दरों पर गाड़ी खरीदने से उन्हें ज्यादा बचत होगी. बैंक पहले से ही होम और व्हीकल लोन पर प्रोसेसिंग चार्ज माफ कर ग्राहकों को आकर्षित करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन जीएसटी कटौती ने अचानक ग्राहकों को इंतजार करने पर मजबूर कर दिया है.

कब मिलेगा नई जीएसटी दर का लाभ?
सीबीआईसी अधिकारियों के मुताबिक, अगर कार डीलर ने इनवॉइस जारी कर दिया है, तो पुरानी दरें ही लागू होंगी. लेकिन अगर इनवॉइस अभी नहीं बना है, तो ग्राहक 22 सितंबर से घटे हुए टैक्स का फायदा ले सकते हैं. यही वजह है कि गाड़ियों की बिक्री में फिलहाल सुस्ती देखी जा रही है. श्राद्ध पक्ष के चलते भी ग्राहक खरीदारी टाल रहे हैं. कई लोग अब सोचे हुए मॉडल की बजाय बेहतर वर्जन लेने पर विचार कर रहे हैं, क्योंकि उन्हें नई दरों से 10 फीसदी तक का लाभ मिल सकता है.

ऑटो कंपनियों पर असर और नया टैक्स स्ट्रक्चर
22 सितंबर से कंपनसेशन सेस भी खत्म हो जाएगा, जिससे करीब ₹2,500 करोड़ का सेस ऑटो कंपनियों की बुक्स में फंसा रह जाएगा. अभी कारों पर कुल टैक्स इंसीडेंस 29% से 50% तक है, जो इंजन कैपेसिटी और लंबाई पर निर्भर करता है. लेकिन नई दरों के बाद 1,200 सीसी तक पेट्रोल और 1,500 सीसी तक डीजल गाड़ियों पर सिर्फ 18% जीएसटी लगेगा. बड़े इंजनों और एसयूवी पर 40% तक जीएसटी जारी रहेगा. इससे छोटे और मिड-रेंज कार खरीदारों को सबसे ज्यादा फायदा होगा.

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Satish Kumar एक डिजिटल कंटेंट क्रिएटर और न्यूज़ पब्लिशर हैं। ये Sarkari Yojana, Technology News और Automobile Updates पर लेख लिखते हैं। इनके लेखों का उद्देश्य लोगों को सही और तेज जानकारी देना है।

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