Tata Nexon Buy vs Rent: 5 साल में कितना होगा खर्च? जानें कौन सा ऑप्शन है फायदे का सौदा


Buy vs Rent: भारतीय बाजार में कार खरीदना या किराए पर लेना एक बड़ा फैसला है, खासकर जब Tata Nexon जैसी पॉपुलर कॉम्पैक्ट SUV की बात हो. Nexon अपनी 5-स्टार सेफ्टी, स्टाइलिश डिजाइन, मजबूत परफॉर्मेंस और अच्छे रीसेल वैल्यू के लिए जानी जाती है. लेकिन बढ़ती महंगाई, फ्यूल कॉस्ट, मेंटेनेंस और डेप्रिशिएशन के बीच कई लोग पूछते हैं- क्या 5 साल के लिए खरीदना बेहतर है या मंथली रेंट पर चलाना?

इस आर्टिकल में हम एक मिड-वेरिएंट Tata Nexon (पेट्रोल) का उदाहरण लेकर 5 साल का डिटेल्ड कैलकुलेशन करते हैं. हम वास्तविक बाजार डेटा, औसत रनिंग (12,000-15,000 km/साल), फ्यूल, इंश्योरेंस, सर्विसिंग और रीसेल वैल्यू को ध्यान में रखकर तुलना करेंगे. नतीजा आपको साफ तौर पर बताएगा कि आपकी जरूरत के हिसाब से क्या सही है? अपनी कार का मालिक बनना या फ्लेक्सिबल रेंटल ऑप्शन चुनना. आइए सब समझने की कोशिश करते हैं.

5 साल का पूरा गणित: खरीदें या रेंट पर लें?

कार को खरीदने और रेंट पर लेने के बीच सबसे बड़ा अंतर मालिकाना हक, शुरुआती डाउनपेमेंट और मेंटेनेंस की जिम्मेदारी का होता है. आइए दोनों विकल्पों को विस्तार से समझते हैं-

Tata Nexon(बाइंग ऑप्शन)

अगर आप टाटा नेक्सन का एक मिड-टू-टॉप वेरिएंट चुनते हैं, जिसकी ऑन-रोड कीमत लगभग ₹13,00000 है, तो 5 साल का खर्च कुछ इस तरह रहेगा-

  • डाउनपेमेंट: मान लेते हैं कि आप ₹3,00,000 का डाउनपेमेंट करते हैं.
  • लोन और EMI: बाकी बचे ₹10,00000 पर यदि आप 9% की ब्याज दर से 5 साल के लिए लोन लेते हैं, तो आपकी मंथली EMI लगभग ₹20,758 आएगी. 5 साल में आप कुल ₹12,45,480 केवल EMI के रूप में चुकाएंगे.
  • अन्य खर्चे: 5 साल के दौरान इंश्योरेंस रिन्यूअल, समय-समय पर होने वाली सर्विसिंग, टायर बदलना और मेंटेनेंस मिलाकर कम से कम ₹1,50,000 का अतिरिक्त खर्च आएगा.
  • रीसेल वैल्यू: 5 साल बाद जब आप गाड़ी बेचने जाएंगे, तो टाटा नेक्सन की मजबूत रीसेल वैल्यू के कारण आपको लगभग ₹5,50,000 वापस मिल सकते हैं.
  • कुल नेट खर्च: ₹3,00,000 (डाउनपेमेंट) + ₹12,45,480 (EMI) + ₹1,50,000 (मेंटेनेंस/इंश्योरेंस) – ₹5,50,000 (रीसेल वैल्यू) = ₹11,45,480

सब्सक्रिप्शन ऑप्शन

लीडिंग कार सब्सक्रिप्शन प्लेटफॉर्म्स पर टाटा नेक्सन जैसी मिड-साइज कारों का मासिक किराया (सभी टैक्स, इंश्योरेंस और मेंटेनेंस मिलाकर) 5 साल के लंबे टेन्योर के लिए लगभग ₹26,000 से ₹28,000 प्रति माह के बीच बैठता है. आइए, पूरी डिटेल समझते हैं-

  • शुरुआती खर्च: इसमें कोई बड़ा डाउनपेमेंट नहीं करना होता, केवल ₹30,000 से ₹50,000 की रिफंडेबल सिक्योरिटी डिपॉजिट देनी होती है.
  • मासिक रेंट: यदि हम ₹27,000 प्रति माह का औसत रेंट मानकर चलें, तो 5 साल (60 महीने) का कुल किराया ₹16,20,000 होगा.

फायदा: इस दौरान इंश्योरेंस, रोड टैक्स, पीरियोडिक सर्विसिंग या किसी भी तरह के मैकेनिकल ब्रेकडाउन का खर्च आपको नहीं देना होता, वह सब रेंट की रकम में शामिल रहता है. हालांकि, 5 साल बाद गाड़ी पर आपका कोई मालिकाना हक नहीं होगा और आपको कोई रीसेल वैल्यू नहीं मिलेगी.

खर्च का जरिया गाड़ी खरीदना (Buy) रेंट पर लेना (Subscription)
डाउनपेमेंट / डिपॉजिट ₹3,00,000 (डाउनपेमेंट) ₹40,000 (रिफंडेबल डिपॉजिट)
मासिक खर्च (EMI / Rent) ₹20,758 (5 साल के लिए) ₹27,000 (औसत मासिक किराया)
5 साल का कुल भुगतान ₹12,45,480 (EMI कुल) ₹16,20,000 (रेंट कुल)
इंश्योरेंस और मेंटेनेंस खर्च ₹1,50,000 (अतिरिक्त देना होगा) ₹0 (किराए में शामिल है)
5 साल बाद रीसेल वैल्यू ₹5,50,000 (वापस आएंगे) ₹0 (गाड़ी वापस करनी होगी)
5 साल का कुल नेट खर्च ₹11,45,480 ₹16,20,000

आपके लिए क्या सही है?

कैलकुलेशन से साफ है कि वित्तीय रूप से टाटा नेक्सन को खरीदना रेंट पर लेने के मुकाबले काफी किफायती है. 5 साल के अंत में खरीदने पर आपके पास करीब ₹4.5 लाख से ₹5 लाख की बचत होती है, क्योंकि अंत में गाड़ी आपकी संपत्ति (Asset) बन जाती है जिसे बेचकर पैसे वसूले जा सकते हैं.

गाड़ी किसे खरीदनी चाहिए?

अगर आप लंबे समय (5+ साल) के लिए गाड़ी रख रहे हैं, आपके पास डाउनपेमेंट का बजट है और आप कार पर अपना मालिकाना हक चाहते हैं, तो आंख बंद करके खरीदने का विकल्प चुनें.

रेंट पर किसे लेनी चाहिए?

यदि आप किसी शहर में सिर्फ 2-3 साल के लिए ट्रांसफर पर आए हैं, सर्विसिंग और इंश्योरेंस के झंझटों से बिल्कुल दूर रहना चाहते हैं, या फिर हर कुछ साल में नई गाड़ी बदलना आपकी पसंद है, तभी कार रेंट या सब्सक्रिप्शन पर लेना आपके लिए समझदारी भरा फैसला होगा.



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