Car Maintenance Tips: इन 5 तरीकों से बचाएं 50-70% रिपेयर खर्च, बढ़ाएं गाड़ी की लाइफ


Last Updated:

क्या आपकी कार बार-बार खराब होती है या अचानक भारी रिपेयर बिल आ जाता है? छोटी-छोटी गलतियां आपकी जेब पर बड़ा असर डाल सकती हैं. अगर आप चाहते हैं कि आपकी कार सालों तक बिना परेशानी चले और खर्च भी कम हो, तो ये 5 आसान मेंटेनेंस टिप्स आपके बेहद काम आने वाले हैं. जानिए कैसे सही देखभाल से आप हजारों रुपये बचा सकते हैं और ड्राइविंग को बना सकते हैं ज्यादा सुरक्षित.

ख़बरें फटाफट

कम खर्च में चलानी है गाड़ी, तो फॉलो करें ये 5 जरूरी टिप्सZoom

कार केयर टिप्स

कार को अच्छी स्थिति में रखने से न सिर्फ इसकी उम्र बढ़ती है बल्कि बड़े-बड़े रिपेयर खर्चों से भी बचाव होता है. कई लोग छोटी-मोटी देखभाल को नजरअंदाज कर देते हैं, जिसके कारण इंजन खराब होना, ब्रेक फेल होना या टायर जल्दी घिसना जैसी समस्याएं पैदा हो जाती हैं. नियमित रखरखाव से आप 50-70% तक मरम्मत लागत बचा सकते हैं.

इससे कार सुचारू रूप से चलती है, फ्यूल एफिशिएंसी बढ़ती है और सुरक्षा भी बनी रहती है. बस कार मैनुअल के अनुसार शेड्यूल फॉलो करें और समय-समय पर चेकअप करवाएं. आइए जानते हैं कि कार को बेहतर स्थिति में रखने के लिए किन बातों का ध्यान रखना चाहिए. हम आपके लिए 5 टिप्स लेकर आए हैं.

1. नियमित तेल बदलवाएं

इंजन ऑयल इंजन के अंदरूनी पार्ट्स को चिकना रखता है और गर्मी कम करता है. पुराना या कम तेल इंजन में घर्षण बढ़ाता है, जिससे बड़ा नुकसान हो सकता है. हर 8,000-10,000 किलोमीटर या 6 महीने में सिंथेटिक ऑयल बदलवाएं. साथ ही ऑयल फिल्टर भी चेंज करें. इससे इंजन की लाइफ बढ़ती है और ओवरहॉलिंग जैसे महंगे खर्चे टलते हैं. हमेशा अच्छी क्वालिटी का ऑयल इस्तेमाल करें.

2. टायरों की देखभाल करें

टायर प्रेशर हर महीने चेक करें. कम या ज्यादा प्रेशर से टायर जल्दी घिसते हैं, फ्यूल ज्यादा लगता है और एक्सीडेंट का खतरा बढ़ता है. हर 8,000-10,000 किमी पर टायर रोटेशन और बैलेंसिंग करवाएं. ट्रेड डेप्थ देखें. अगर कम हो तो टायर बदलें. सही अलाइनमेंट से अनइवन वियर रुकता है और सस्पेंशन पर अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ता.

3. ब्रेक सिस्टम की जांच

ब्रेक आपकी सुरक्षा के लिए सबसे महत्वपूर्ण हैं. ब्रेक पैड्स की मोटाई, डिस्क की स्थिति और ब्रेक फ्लूइड लेवल नियमित चेक करवाएं. हर दो साल में ब्रेक फ्लूइड बदलें. अगर ब्रेक लगाते समय आवाज आए, पैडल सॉफ्ट लगे या कार एक तरफ झुकती हो तो तुरंत मैकेनिक के पास जाएं. छोटी समस्या को नजरअंदाज करने से पूरा ब्रेक सिस्टम खराब हो सकता है, जो महंगा पड़ता है.

4. फ्लूइड्स और फिल्टर्स का ध्यान रखें

कूलेंट, ब्रेक फ्लूइड, पावर स्टीयरिंग फ्लूइड और ट्रांसमिशन फ्लूइड लेवल हर महीने चेक करें. रेडिएटर कूलेंट हर 2-3 साल में फ्लश करवाएं. इंजन एयर फिल्टर और केबिन एयर फिल्टर को साफ करते या बदलते रहें. गंदा फिल्टर इंजन की परफॉर्मेंस खराब करता है और फ्यूल बढ़ाता है. इससे ओवरहीटिंग और अन्य बड़ी समस्याएं रुकती हैं.

5. बैटरी, बेल्ट्स और छोटी समस्याओं पर नजर

बैटरी टर्मिनल्स को साफ रखें, जंग न लगने दें. हर सर्विस में बैटरी चेक करवाएं. इंजन बेल्ट्स और होसेस में दरार या ढीलापन देखें. चेक इंजन लाइट, असामान्य आवाज या वाइब्रेशन को कभी नजरअंदाज न करें. छोटी समस्या को तुरंत ठीक करवाएं. कार को अंदर-बाहर दोनों तरफ साफ रखें. नियमित सर्विसिंग शेड्यूल फॉलो करने से आप महंगे रिपेयर से बच सकते हैं.

About the Author

Ram Mohan MishraSenior Sub Editor

न्यूज़18 हिंदी में सीनियर सब-एडिटर के रूप में कार्यरत राम मोहन मिश्र 2021 से डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं और फिलहाल ऑटो डेस्क संभाल रहे हैं. वे कार और बाइक से जुड़ी जानकारी को आसान, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से …और पढ़ें





Source link