Car Loan EMI Rules : कितनी किस्तें मिस होने पर आपकी कार उठा सकता है बैंक?


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Car Loan EMI Rules : जिस गाड़ी पर लोन लिया गय है अगर उसका मालिक किस्‍तें नहीं भरता है तो बैंक या फाइनेंस कंपनी उस वाहन को जब्‍त कर सकते हैं. लेकिन, एक या दो ईएमआई मिस करने पर भी वे कार नहीं उठा सकते. उन्‍हें इसके लिए एक तय प्रक्रिया का पालन करना पड़ता है और लोन डिफाल्‍ट करने वाले ग्राहक को पैसे चुकाने का पूरा मौका देना पड़ता है.

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नोटिस के बिना अगर बैंक आपकी गाड़ी उठाने आता है, तो वह सरासर गैर-कानूनी है. (Photo : AI)

नई दिल्‍ली. लोन पर कार तो ले ली, लेकिन अगर किस्‍त बाउंस हो गई तो बैंक वाले गाड़ी उठा ले जाएंगे. यह वो डर है जो मिडल क्लास आदमी को खूब तंग करता है. अचानकर नौकरी छूट जाना, बिजनेस में घाटा या बीमारी की वजह से बहुत से लोग समय पर अपने कार लोन की ईएमआई नहीं चुका पाते. ऐसी स्थिति में अक्सर लोग घबरा जाते हैं. वे सोचते हैं कि रिकवरी एजेंट्स बीच सड़क से गाड़ी खींच ले जाएंगे. लेकिन, कानूनन बैंक या फाइनेंस कंपनी एक या दो किस्‍त मिस होने पर आपकी गाड़ी नहीं उठा सकते.

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के नियम कहते हैं कि सिर्फ एक या दो EMI मिस होने पर बैंक आपकी गाड़ी को हाथ भी नहीं लगा सकता. जब लगातार तीन किस्तें बाउंस हो जाती हैं या आपको किस्‍त भरे 90 दिन हो जाते हैं, तब ही बैंक आपकी गाड़ी को उठा सकते हैं. इसके लिए भी उन्‍हें कानूनी प्रक्रिया का पालन करना पड़ता है. वो सीधे आपके घर नहीं आ सकते.

60 दिन का अल्‍टीमेटम

3 किस्तें मिस होने के बाद बैंक सीधे गाड़ी जब्त नहीं कर सकता. उसे सबसे पहले आपको एक ऑफिशियल डिमांड नोटिस भेजना होगा, जिसमें बकाया राशि चुकाने के लिए पूरे 60 दिनों का समय दिया जाता है. अगर आप इन 60 दिनों में भी पैसे का इंतजाम नहीं कर पाते, तब बैंक को एक प्री-पजेशन (Pre-possession) नोटिस जारी करना होगा, जिसमें गाड़ी अपने कब्जे में लेने की बात कही गई हो. इन तय कानूनी प्रक्रियाओं और नोटिस के बिना अगर कोई आपकी गाड़ी उठाने आता है, तो वह सरासर गैर-कानूनी (Illegal) माना जाता है.

रिकवरी एजेंट्स नहीं कर सकते गुंडागर्दी

अक्सर रिकवरी एजेंट्स लोन लेने वाले को डराने-धमकाने लगते हैं. लेकिन, ऐसा करना गैर-कानूनी है. आरबीआई (RBI) की गाइडलाइंस के अनुसार, कोई भी रिकवरी एजेंट आपको सुबह 8 बजे से पहले और शाम 7 बजे के बाद न तो फोन कर सकता है और न ही आपके घर आ सकता है.

एजेंट्स आपके साथ किसी भी तरह की गाली-गलौज, हाथापाई या मानसिक प्रताड़ना नहीं कर सकते. घर आए एजेंट्स का परिचय-पत्र और बैंक का अथॉराइजेशन लेटर (Authorization Letter) आप मांग सकते हैं. अगर कोई एजेंट जबरदस्ती कार की चाबी छीनने की कोशिश करे तो आप पुलिस में शिकायत दर्ज करा सकते हैं.

क्‍या जब्‍त गाड़ी वापस मिल सकती है?

यदि आप नोटिस के बाद भी पैसे नहीं चुका पाए और बैंक ने गाड़ी अपने कब्जे में ले ली. तब भी आप अपनी गाड़ी वापस पा सकते हैं. गाड़ी को नीलाम करने या बेचने से पहले बैंक आपको एक प्री-सेल नोटिस भेजेगा. यह आपके लिए अपनी कार बचाने का आखिरी मौका होता है, जहां आप बकाया राशि चुकाकर अपनी कार वापस ला सकते हैं.



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